03 जुलाई, 2011

हिसार उपचुनावः हर दल के कद्दावर नेता का कद लगा दांव पर

चंडीगढ़. हिसार लोकसभा उपचुनाव की तारीख आने में भले ही अभी करीब साढ़े पांच महीने का समय है। बावजूद इसके प्रदेश भर में इस उपचुनाव की महाभारत शुरू हो गई है। राज्य के रोचक उपचुनावों में इसका इतिहास लिखा जाएगा। वैसे तो इस क्षेत्र से लगभग सभी दलों के कद्दावर कहे जाने नेताओं का जुड़ाव है लेकिन मुख्य रूप से भजनलाल के जाने के बाद उनके बेटे कुलदीप बिश्नोई का राजनीतिक भविष्य उपचुनाव तय करेगा।

मुख्यमंत्री हुड्डा द्वारा कराए गए इस क्षेत्र के विकास पर कांग्रेस वोट लेगी। हालांकि केन्द्रीय मंत्री कुमारी सैलजा का हिसार गृह जिला है। उनके परिजन रोहताश का नाम टिकट के चल भी रहा है। दूसरे राष्ट्रीय महासचिव बीरेंद्र सिंह का विधानसभा क्षेत्र उचाना इसी क्षेत्र में है। उनकी पत्नी प्रेमलता का नाम टिकट के लिए जनता ले रही है। जिंदल परिवार का पूरा साम्राज्य इसी जिले से चलता है।

हाल कांग्रेस में शामिल हुए संपत सिंह यहीं से इनेलो के टिकट पर दूसरे नंबर रहे थे। भिवानी का एक विधानसभा क्षेत्र बवानीखेड़ा इसी लोकसभा क्षेत्र में आता है तो भिवानी के धुरंधर मंत्री, सीपीएस की भी परीक्षा होगी? परिसीमन से पहले यहां के क्षेत्र भिवानी लोकसभा में थे,जहां मंत्री किरण चौधरी के पति सुरेंद्र सिंह चुनाव लड़ भी चुके हैं। सीपीएस धर्मवीर,रामकिशन फौजी का यहां बड़ा हस्तक्षेप रहता है।

भले ही वोट हुड्डा के विकास के नाम पर ज्यादा पड़े लेकिन असली परीक्षा तो इन दिग्गजों की भी है क्योंकि ये क्षेत्र से सीधे जुड़े हैं। जहां तक इनेलो का सवाल है। इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला इसी क्षेत्र की उचाना सीट से विधायक हैं। फिलहाल इनेलो नेताओं ने यहां पूरा दम लगा रखा है। जिले के इनेलो नेता रणबीर गंगवा राज्यसभा सदस्य हैं।

भाजपा के राष्ट्रीय सचिव कैप्टन अभिमन्यु यहां की नारनौंद सीट से विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं। जहां तक भजनलाल परिवार का सवाल है। उनकी पार्टी हजकां से सुप्रीमो कुलदीप बिश्नोई का आदमपुर क्षेत्र इसी लोकसभा में आता है। उनकी माता जसमा देवी ने यहीं की नलवा सीट से विस चुनाव हारा था। ऐसे में मामला रोचक होगा। इनके अलावा सभी दलों से टिकट मांग रहे नेताओं की लंबी फेहरिस्त है।

इन पर हो रही माथा-पच्ची 

भजनलाल परिवार के प्रति सहानुभूति रहेगी या नहीं?
सीएम भूपेन्द्र हुड्डा के इस क्षेत्र में विकास के बड़े बजट का कर्ज जनता कितना चुकाएगी?
इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला का सरकार विरोधी अभियान क्या गुल खिलाएगा?
इसके अलावा इस क्षेत्र के रचे-बसे बड़े कहे जाने वाले कई नेता,मंत्री, सीपीएस व राज्यसभा सदस्य अपने दलों को क्या योगदान देंगे?
क्या भाजपा हजकां को समर्थन देगी?


चुनाव आयोग को भेजा प्रस्ताव 

राज्य कार्यवाहक मुख्य निर्वाचन अधिकारी एसके सेतिया ने भास्कर को बताया कि चुनाव आयोग को रिक्त सीट पर चुनाव कराने का प्रस्ताव भेज दिया गया है। संभवत:अगस्त तक चुनाव की तारीख आने की संभावना है। वैसे तो छह महीने के अनुसार दिसंबर तक चुनाव होना है लेकिन आयोग तारीख अपने अनुसार देगा। इस कड़ी में राज्य निर्वाचन विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी है। चुनाव के सामान व अन्य व्यवस्थाओं का खाका तैयार
किया जा रहा है।

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